काली चाय पीने से मृत्यु का जोखिम कम होता है. नियमित रूप से ब्लैक टी पीने से सभी कारणों से मृत्यु का खतरा कम होता है. मधुमेह रोगियों के लिए ये रामबाण साबित हो सकती है. एक अध्ययन से पता चला है कि जो लोग काली चाय का सेवन करते हैं, उनमें स्ट्रोक या मनोभ्रंश की आशंका कम होती चली जाती है. अध्ययनों से पता चला है कि नियमित कॉफी पीने से मृत्यु का जोखिम कम हो हो सकता है. साथ ही रेटिनोपैथी (नेत्र रोग) भी कम करने में मदद मिल सकती है और टाइप 2 मधुमेह वाले लोगों में गुर्दे को भी बचा सकती है.

ब्रिटेन में चाय पीने वाले लोगों पर किए गए अध्‍ययन में 498,043 वयस्क शामिल थे जिन्होंने 2006 और 2010 के बीच की अवधि में लगातार चाय का सेवन किया. शोधकर्ताओं ने पाया कि रोजाना कम से कम दो कप काली चाय पीने वालों की मरने की संभावना काफी कम थी. जो लोग रोजाना एक कप या उससे कम पीते हैं, उनके मरने की संभावना 5% कम थी. प्रतिदिन 2-3 कप पीने वालों की मृत्यु की संभावना 13% कम पाई गई. प्रतिदिन 4-5 कप या 6-7 कप पीने वालों की मृत्यु की संभावना 12% कम थी. प्रतिदिन 8-9 कप पीने वालों की मृत्यु की संभावना 9% कम थी और जो लोग प्रतिदिन 10 या अधिक कप पीते थे, उनकी मृत्यु की संभावना 11% कम पाई गई.

नियमित रूप से चाय पीने वालों की हृदय रोग से मरने की संभावना कम पाई गई. उन्‍हें स्ट्रोक से भी काफी सुरक्षित पाया गया. शोधकर्ताओं ने निष्कर्ष निकाला कि रोजाना कई कप काली चाय नियमित पीने से कई रोगों से रक्षा हो सकती है.

Leave a comment

Your email address will not be published.